दीवाली पर पटाखे जलाने को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को अहम टिप्पणी की है। कोर्ट ने पटाखों पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाने से इनकार किया है, लेकिन 24 घंटे आतिशबाजी की अनुमति देने से भी साफ मना किया है। कोर्ट ने कहा कि लोगों की भावनाओं और पटाखों से होने वाले प्रभाव, दोनों को ध्यान में रखते हुए बीच का रास्ता निकालना जरूरी है।
जस्टिस एमएम सुंदेशन और जस्टिस पीबी वराले की बेंच ने कहा कि पटाखे चलाने के लिए एक तय समय निर्धारित किया जा सकता है। कोर्ट के मुताबिक, पूरे दिन पटाखे चलाने की अनुमति से बुजुर्गों, बीमार लोगों और बच्चों समेत अन्य जीवों पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है।
सुनवाई के दौरान ग्रीन क्रैकर्स को लेकर भी चर्चा हुई। CSIR-NEERI की सिफारिशों के आधार पर कुछ विशेष ग्रीन क्रैकर्स को सीमित और शर्तों के साथ इस्तेमाल की अनुमति देने पर विचार किया जा सकता है। इसके लिए शोर, उत्सर्जन और सुरक्षा से जुड़े निर्धारित नियमों का पालन जरूरी होगा।
वहीं, पटाखों में बे
Korba, Korba | Oct 1, 2026