प्रयागराज: शहर के कई रिहायशी इलाकों में जलभराव और नालियों के गंदे पानी की समस्या को लेकर ‘स्मार्ट सिटी’ के दावों पर सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि करोड़ों-अरबों रुपये खर्च किए जाने के बावजूद कई इलाकों में जल निकासी की स्थायी व्यवस्था नहीं हो सकी है। इसके चलते हजारों परिवार गंदे पानी और जलभराव के बीच रहने को मजबूर हैं।
स्थानीय लोगों और आलोचकों का कहना है कि नगर पार्षद, विधायक, सांसद और मेयर से लेकर प्रदेश एवं केंद्र सरकार तक भाजपा के नेतृत्व में होने के बावजूद जल निकासी जैसी बुनियादी समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो पाया है। जनता से टैक्स वसूले जाने के बावजूद जलभराव और गंदगी से राहत नहीं मिलने पर जिम्मेदार अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों से सवाल किए जा रहे हैं।
सवाल यह भी उठ रहा है कि ‘डबल इंजन’ और ‘ट्रिपल इंजन’ सरकार के दावों के बावजूद प्रयागराज की जल निकासी व्यवस्था में अपेक्षित सुधार क्यों नहीं हुआ। स्थानीय जनता स्मार्ट सिटी परियोजनाओं के तहत खर्च किए गए धन और जल निकासी की स्थायी व्यवस्था को लेकर जवाब मांग रही है।
रिपोर्टर: अंकुश सिंह
जिला प्रयागराज
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Fatehabad, Agra | Aug 18, 2026