स्टॉर्म वाटर ड्रेनेज (खनुआ नाला) एवं नल-जल योजना के निर्माण में आ रही बाधाओं के निराकरण को लेकर समन्वय समिति की बैठक आयोजित
सारण, 17 अगस्त 2026।
जिला पदाधिकारी, सारण, श्री वैभव श्रीवास्तव की अध्यक्षता में स्टॉर्म वाटर ड्रेनेज (खनुआ नाला), नल-जल योजना एवं सात निश्चय-2 के अंतर्गत संचालित योजनाओं के निर्माण कार्य में आ रही बाधाओं के निराकरण को लेकर गठित समन्वय समिति की बैठक आयोजित की गई।
बैठक में नगर आयुक्त एवं उनकी टीम, अनुमंडल पदाधिकारी, सदर, अंचल अधिकारी, सदर, कार्यपालक अभियंता, पथ प्रमंडल, छपरा, परियोजना निदेशक, बुडको के प्रतिनिधि, संबंधित संवेदक, पथ निर्माण विभाग के अधिकारी, पुल निर्माण विभाग के प्रतिनिधि तथा प्रभारी पदाधिकारी, जिला विकास शाखा, सारण सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे।
बैठक के दौरान स्टॉर्म वाटर ड्रेनेज एवं अन्य संबंधित योजनाओं के निर्माण कार्य की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। निर्माण कार्य के क्रम में उत्पन्न हो रही विभिन्न प्रशासनिक, तकनीकी एवं स्थल संबंधी बाधाओं पर चर्चा करते हुए उनके त्वरित निराकरण के लिए संबंधित पदाधिकारियों एवं कार्यकारी एजेंसियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
जिला पदाधिकारी ने बुडको की परियोजनाओं के लिए पथ निर्माण विभाग से अनापत्ति प्रमाण-पत्र (NOC) प्राप्त करने हेतु जिला स्तर से सभी संबंधित योजनाओं को समेकित करते हुए पथ निर्माण विभाग को पत्र भेजने का निर्देश दिया, ताकि अनापत्ति से संबंधित मामलों का शीघ्र निष्पादन हो सके।
उन्होंने नाला निर्माण में आ रही यूटिलिटी शिफ्टिंग की समस्या, विशेषकर विद्युत पोल आदि को हटाने के संबंध में विद्युत विभाग को आवश्यक कार्रवाई के लिए पत्र भेजने का निर्देश दिया। जिला पदाधिकारी ने कहा कि आगामी बारिश को देखते हुए निर्माण कार्य की ऐसी कार्ययोजना तैयार की जाए कि सितंबर माह में कार्य को चरणबद्ध एवं आधा-आधा करके पूरा किया जा सके, जिससे निर्माण के साथ-साथ आम नागरिकों के आवागमन एवं परिवहन में भी कम से कम परेशानी हो।
जिला पदाधिकारी ने सदर अनुमंडल पदाधिकारी को निर्देशित किया कि वे एक इंजीनियरिंग टीम का गठन करें तथा क्षेत्र में प्रस्तावित एवं संचालित सभी निर्माण कार्यों की लगातार मॉनीटरिंग कर प्रगति एवं समस्याओं से संबंधित रिपोर्ट तैयार करें।
बैठक में नगर निगम क्षेत्र में निर्माण कार्यों में आ रही बाधाओं की भी समीक्षा की गई। जिला पदाधिकारी ने निर्देश दिया कि शहर के अंदर जल-जमाव की समस्या के स्थायी एवं प्रभावी समाधान को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए नगर निगम एवं संबंधित कार्यकारी एजेंसियां आपसी समन्वय के साथ कार्य करें। उन्होंने शहर से बाहर संचालित कार्यों के लिए भी संबंधित विभागों, पथ निर्माण विभाग एवं पुल निर्माण निगम के साथ समन्वय स्थापित कर कार्यों को गति देने का निर्देश दिया।
जिन निर्माण कार्यों में रेलवे से अनापत्ति अथवा समन्वय की आवश्यकता है, उनके लिए जिला पदाधिकारी ने डीआरएम, रेलवे से समन्वय स्थापित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि जहां कल्वर्ट का निर्माण, कल्वर्ट की सफाई अथवा नाला निर्माण जैसे कार्य रेलवे की भूमि अथवा परिसंपत्तियों से संबंधित हैं, वहां रेलवे से आवश्यक अनापत्ति प्राप्त कर अथवा रेलवे के समन्वय एवं निगरानी में कार्य कराया जाए।
जिला पदाधिकारी ने जहां अतिक्रमण हटाने अथवा भूमि की मापी की आवश्यकता है, वहां अंचल अधिकारी, सदर को निर्देशित किया कि संबंधित मामलों में एक सप्ताह के अंदर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करें।
जिला पदाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि जनहित से जुड़ी इन महत्वपूर्ण योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की अनावश्यक बाधा नहीं आने दी जाए। सभी संबंधित विभाग एवं कार्यकारी एजेंसियां आपसी समन्वय स्थापित करते हुए लंबित समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करें, ताकि निर्माण कार्य निर्धारित समय-सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूर्ण किया जा सके।
उन्होंने संबंधित अधिकारियों एवं संवेदकों को निर्माण कार्य में तेजी लाने तथा कार्य के दौरान निर्धारित तकनीकी मानकों एवं गुणवत्ता का पूर्ण अनुपालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
Saharsa, Bihar | Aug 17, 2026