
ई-रिक्शों से बदहाल ट्रैफिक को भूले कलेक्टर, एसपी, सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में जिक्र भी नहीं किया👇
मुरैना।कलेक्टर लोकेश कुमार जांगिड़ की अध्यक्षता में गुरुवार को कलेक्ट्रेट स्थित एनआईसी कक्ष में सड़क सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले की यातायात व्यवस्था को सुगम एवं सुरक्षित बनाने, सड़क सुरक्षा के उपायों को प्रभावी करने, स्कूली बच्चों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करने तथा नशे एवं अन्य अवैध गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण के संबंध में अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
कलेक्टर जांगिड़ ने नगर निगम क्षेत्र के विभिन्न मार्गों पर गड्ढों एवं जलभराव की स्थिति को दूर करने के निर्देश दिए। उन्होंने राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के अधिकारियों को आवश्यक सुधार कार्य शीघ्र पूर्ण कराने तथा शहर की साफ-सफाई व्यवस्था में भी आवश्यक सहयोग सुनिश्चित करने को कहा।
कलेक्टर ने एसडीएम मुरैना को बाबा देवपुरी क्षेत्र में वाहनों के कारण उत्पन्न होने वाले जाम की समस्या के स्थायी समाधान के लिए दुकानों को पीछे व्यवस्थित रूप से स्थानांतरित कराने के निर्देश दिए। उन्होंने प्रसाद की दुकानों पर समय-समय पर खाद्य पदार्थों के नमूने लेने की कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए। नगर निगम को पुराने बस स्टैंड के समीप साफ-सफाई कराकर व्यवस्थित पार्किंग विकसित करने को कहा, ताकि यातायात व्यवस्था को सुगम बनाया जा सके।
बैठक में कलेक्टर ने विद्युत विभाग के अधिकारियों को सड़क एवं यातायात में बाधा उत्पन्न करने वाले विद्युत ट्रांसफार्मरों को व्यवस्थित कराने के निर्देश दिए। उन्होंने ट्रांसफार्मरों पर किए गए अवैध विद्युत कनेक्शनों को हटाने तथा संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करने को कहा। उन्होंने कहा कि कार्रवाई के दौरान आवश्यकता होने पर पुलिस बल उपलब्ध कराया जाएगा। इसके लिए संबंधित विभाग द्वारा पूर्व में सूचना देने के निर्देश दिए गए।
कलेक्टर ने शिक्षा विभाग को निर्देशित किया कि स्कूली बच्चों को विद्यालय तक लाने-ले जाने के लिए विद्यालय अथवा अभिभावकों द्वारा लगाए गए सभी वाहनों की फिटनेस, वाहन चालक एवं परिचालक की जानकारी अनिवार्य रूप से सूचीबद्ध रूप में संकलित की जाए। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि निर्धारित जानकारी उपलब्ध नहीं कराने वाले विद्यालयों के विरुद्ध नियमानुसार मान्यता निरस्तीकरण की कार्रवाई की जाए।
कलेक्टर ने 09 एवं 10 अक्टूबर को आयोजित होने वाले शनि मेले के दृष्टिगत राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण को हाईमास्ट तथा टेकरी के मोड़ पर पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि मेले के दौरान आवागमन करने वाले श्रद्धालुओं एवं आमजन को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
उन्होंने कहा कि स्कूल एवं महाविद्यालय की 500 मीटर की परिधि में नशीले पदार्थों, गुटखा, बीड़ी, सिगरेट एवं अन्य तंबाकू उत्पादों की बिक्री नहीं होनी चाहिए। शिक्षा विभाग सहित संबंधित विभाग इस संबंध में प्रभावी निगरानी रखें तथा नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधितों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करें। उन्होंने आबकारी विभाग को जिले में अवैध एवं कच्ची शराब तथा अन्य मादक पदार्थों की बिक्री पर प्रभावी रोक लगाने के निर्देश दिए।
पुलिस अधीक्षक धर्मराज मीणा ने कहा कि जिले में नशे के लिए कफ सिरप, इंजेक्शन आदि के दुरुपयोग संबंधी शिकायतों को गंभीरता से लिया जाए। उन्होंने मेडिकल स्टोरों की सघन जांच करने तथा किसी भी मेडिकल स्टोर पर नशे के लिए उपयोग की जाने वाली प्रतिबंधित अथवा अनियमित सामग्री का विक्रय पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री द्वारा भी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से नशे के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।