Public App Logo
निकाय-पंचायत चुनावों की आहट के बीच भीलवाड़ा पर सरकार की नजर? एक ही रात में दो बड़े नेताओं का भीलवाड़ा पड़ाव, आज निम्बाहेड़ा में अमित शाह-सीएम भजनलाल की मौजूदगी; क्या विकास के बहाने टटोली जा रही चुनावी नब्ज? भीलवाड़ा (महेन्द्र नागौरी) आगामी निकाय और पंचायती राज चुनावों को लेकर प्रदेश में सियासी हलचल बढ़ने के बीच भीलवाड़ा और आसपास का क्षेत्र अगले 24 घंटे में बड़े राजनीतिक आयोजनों का केंद्र बनने जा रहा है। एक ओर नगरीय विकास एवं स्वायत्त शासन मंत्री झाबर सिंह खर्रा और उपमुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा के भीलवाड़ा दौरे ने राजनीतिक चर्चाओं को हवा दी है, वहीं दूसरी ओर 16 अगस्त को केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह का चित्तौड़गढ़ जिले के निम्बाहेड़ा दौरा प्रस्तावित है। इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा भी मौजूद रहेंगे। ऐसे में सियासी सवाल उठ रहा है—क्या राजस्थान में चुनावी तैयारियों की दस्तक के बीच भाजपा सरकार अब शहर से लेकर गांव तक राजनीतिक जमीन मजबूत करने की कवायद में जुट गई है? भीलवाड़ा में मंत्री-डिप्टी सीएम का पड़ाव, निम्बाहेड़ा में शाह-सीएम का कार्यक्रम यात्रा कार्यक्रम के अनुसार नगरीय विकास एवं स्वायत्त शासन मंत्री झाबर सिंह खर्रा 15 अगस्त की शाम जयपुर से रवाना होकर रात 10 बजे भीलवाड़ा पहुंचेंगे और यहां रात्रि विश्राम करेंगे। अगले दिन सुबह भीलवाड़ा से निम्बाहेड़ा रवाना होकर विभिन्न विकास कार्यों के उद्घाटन एवं शिलान्यास कार्यक्रमों में शामिल होंगे। वहीं उपमुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा भी 15 अगस्त की रात जयपुर से रवाना होकर करीब 12:30 बजे भीलवाड़ा सर्किट हाउस पहुंचेंगे। 16 अगस्त की सुबह वे निम्बाहेड़ा जाएंगे और निर्धारित कार्यक्रम में शामिल होकर जयपुर लौटेंगे। निम्बाहेड़ा में अमित शाह, अटल प्रतिमा का अनावरण 16 अगस्त को केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह चित्तौड़गढ़ जिले के निम्बाहेड़ा पहुंचेंगे। यहां वे पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की अष्टधातु प्रतिमा का अनावरण करेंगे। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा भी मौजूद रहेंगे। इसके साथ ही निम्बाहेड़ा में विभिन्न विकास कार्यों का लोकार्पण एवं शिलान्यास भी किया जाएगा। केंद्रीय गृह मंत्री और मुख्यमंत्री की एक साथ मौजूदगी के चलते यह कार्यक्रम राजनीतिक और प्रशासनिक दोनों लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। निकाय चुनाव से पहले नगरीय विभाग के मंत्री का भीलवाड़ा पड़ाव क्यों? मंत्री झाबर सिंह खर्रा का भीलवाड़ा में रात्रि विश्राम ऐसे समय हो रहा है, जब आगामी निकाय चुनावों को लेकर स्थानीय राजनीतिक समीकरणों पर चर्चाएं तेज होने लगी हैं। नगरीय विकास एवं स्वायत्त शासन विभाग सीधे तौर पर नगर निगम से जुड़े विकास और प्रशासनिक मामलों के केंद्र में है। ऐसे में सवाल उठना स्वाभाविक है—क्या मंत्री का यह दौरा केवल विकास कार्यों तक सीमित रहेगा या शहर की राजनीतिक नब्ज भी टटोली जाएगी? सड़क, सफाई, यातायात, अतिक्रमण, सीवरेज और नगरीय विकास से जुड़े मुद्दे आगामी निगम चुनाव में अहम भूमिका निभा सकते हैं। ऐसे में सरकार के स्तर पर इन मुद्दों को साधने की कोशिशों पर राजनीतिक नजरें रहेंगी। पंचायत चुनावों के लिए भी अहम संदेश? सिर्फ नगर निगम ही नहीं, आगामी पंचायती राज चुनाव भी भाजपा और कांग्रेस दोनों के लिए बड़ी राजनीतिक परीक्षा होंगे। जिले की ग्रामीण राजनीति में पंचायत समिति, जिला परिषद और ग्राम पंचायत स्तर के समीकरण चुनावी परिणामों को प्रभावित कर सकते हैं। निम्बाहेड़ा में केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह और मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की मौजूदगी तथा विकास कार्यों के लोकार्पण-शिलान्यास का कार्यक्रम ऐसे समय हो रहा है, जब ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में राजनीतिक सक्रियता बढ़ने की उम्मीद है। शाह-सीएम की जोड़ी, विकास के साथ चुनावी संदेश? अमित शाह और मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा का एक मंच पर आना भाजपा कार्यकर्ताओं के लिए भी महत्वपूर्ण राजनीतिक संदेश माना जा सकता है। हालांकि कार्यक्रम घोषित रूप से प्रतिमा अनावरण और विकास कार्यों से जुड़ा है, लेकिन आगामी निकाय व पंचायती राज चुनावों की पृष्ठभूमि में इसके राजनीतिक असर को नजरअंदाज करना मुश्किल है। क्या विकास कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास आगामी चुनावों में सरकार की उपलब्धियों के रूप में सामने आएगा? क्या अमित शाह की मौजूदगी से कार्यकर्ताओं में नया जोश पैदा करने की कोशिश होगी? और क्या भीलवाड़ा-चित्तौड़गढ़ बेल्ट के राजनीतिक समीकरणों को साधने की कोई बड़ी रणनीति आकार ले रही है? इन सवालों के जवाब आने वाले दिनों में राजनीतिक गतिविधियों से ही सामने आएंगे। शहर से गांव तक सियासी चौसर बिछने लगी? एक तरफ भीलवाड़ा में नगरीय विकास मंत्री और उपमुख्यमंत्री के दौरे, दूसरी तरफ अगले ही दिन निम्बाहेड़ा में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की मौजूदगी—लगातार हो रही यह राजनीतिक सक्रियता आगामी निकाय और पंचायती राज चुनावों से पहले कई संकेत दे रही है। फिलहाल इसे सीधे चुनावी अभियान कहना जल्दबाजी होगी, लेकिन इतना जरूर है कि सरकार के बड़े चेहरों की इस क्षेत्र में बढ़ती आवाजाही ने स्थानीय सियासत में हलचल बढ़ा दी है। अब नजर इस बात पर होगी कि इन दौरों के बाद विकास की रफ्तार बढ़ती है या चुनावी तैयारियों की रफ्तार? - Bhilwara News