Public App Logo
Jansamasya
News
पुलिस
Bjp
National
Police
Bihar
India
कांग्रेस
बीजेपी
Gujarat
मुख्यमंत्री
Congress
Modi
Delhi
Viral
मारपीट
Crime
Dm
Up
अमित_शाह
Bollywood
Breakingnews
Narendramodi
Madhya_pradesh
उत्तरप्रदेश
Pmmodi
Rahulgandhi
यूपी
कानपुर
image
image
image
image
image
image
image
image
image
image
image
image

1947 तक जब भारतीय लोग नैनीताल में चलते थे तो हर जगह अंग्रेज़ ही दिखते थे ✅: आज का खूबसूरत नैनीताल कभी पूरी तरह British City हुआ करता था। बहुत कम लोग जानते हैं कि 1841 में जब अंग्रेजों ने यहाँ बसना शुरू किया, तब शायद ही किसी ने सोचा होगा कि यह छोटा सा पहाड़ी इलाका कुछ ही दशकों में British India का सबसे शानदार Hill Station बन जाएगा। 1880 तक Nainital में लगभग 10,000 अंग्रेज रह रहे थे, जिनमें करीब 5,000 English Ladies (Memsahibs) थीं। उस दौर के कई इतिहासकार लिखते हैं कि 1947 तक अगर कोई व्यक्ति Mall Road, Church, Schools, Colleges, Clubs, Shops या Government Office में घूमता था, तो उसे हर तरफ अंग्रेज ही दिखाई देते थे। भारतीय और स्थानीय लोग बहुत कम संख्या में थे। उस समय ऐसा माहौल था कि मानो आप भारत में नहीं, बल्कि सीधे England की किसी सड़क पर घूम रहे हों। सोचिए... आज जिस Mall Road पर लाखों भारतीय पर्यटक घूमते हैं, कभी वहाँ अंग्रेज अफसर, उनकी Memsahibs, बच्चे और सैनिक ही सबसे ज़्यादा नज़र आते थे। नैनीताल की पहचान ही एक English Town के रूप में थी। Nainital History 1841✅: लेकिन कहानी यहीं खत्म नहीं होती क्योकि जब नैनीताल के बारे में स्थानीय लोगों के अलावा लगभग कोई नहीं जानता था, तब अंग्रेजों ने ही इसकी खूबसूरती की चर्चा पूरी दुनिया में फैला दी। British India से लेकर England, Scotland, Poland और यहाँ तक कि USA तक नैनीताल का नाम पहुँच चुका था। इसी प्रसिद्धि का असर था कि 1858 में USA से आए एक American Missionary ने यहाँ ईसाई धर्म के प्रचार का कार्य शुरू किया। उसी दौर में Methodist Church (1858) और CRST School जैसी संस्थाएँ स्थापित हुईं, जो आज भी उस ऐतिहासिक विरासत की गवाही देती हैं। यानी आज का नैनीताल सिर्फ झीलों और पहाड़ों की कहानी नहीं है, बल्कि यह एक ऐसा शहर है जिसने कभी पूरी दुनिया, खासकर British Empire, का ध्यान अपनी ओर खींच लिया था। और यही इतिहास नैनीताल को भारत के सबसे अनोखे शहरों में से एक बनाता है। Follow Nainital Mania Page for Nainital History ❤️

Nainital, Nainital | Jul 29, 2026

MORE NEWS

Nainital के आस पास की जगहों के नामो का मतबल जानिए | Bhowali | Ramnagar | Haldwani #bhowali #ghorakhal #chorgaliya

Nainital के आस पास की जगहों के नामो का मतबल जानिए | Bhowali | Ramnagar | Haldwani #bhowali #ghorakhal #chorgaliya

Nainital, Nainital | Aug 16, 2026

आजादी मिलने के दिन हमने Kayamoodin Watch Maker वाली building को हमेशा के लिए खो दिया ✅

नैनीताल के Mallital बाजार में स्थित यह 3rd Floor वाली building कभी अंग्रेजों के दौर की सबसे खास और भव्य buildings में गिनी जाती थी। उस समय के हिसाब से यह नैनीताल की बड़ी buildings में से एक थी..इस building के Top Floor और 2nd Floor पर अंग्रेज रहा करते थे, जबकि Basement में Kayamoodin साहब की मशहूर watch maker की shop हुआ करती थी।

लेकिन आजादी का जश्न शुरू होने से पहले ही इस Heritage Building के साथ एक ऐसा हादसा हुआ, जिसने नैनीताल के इतिहास में एक गहरी छाप छोड़ दी।

1946 को इसी Heritage Building में अचानक आग लग गई। देखते ही देखते आग ने building को अपनी चपेट में ले लिया और नैनीताल ने अपनी एक ऐतिहासिक पहचान हमेशा के लिए खो दी।

हालांकि, इस building की याद आज भी नैनीताल में मौजूद है। आप इसे गोल घर के पास आज भी देख सकते हैं, लेकिन अब यह अपने पुराने रूप में नहीं, बल्कि एक नए रूप में नजर आती है।

एक ऐसी Heritage Building, जो कभी अंग्रेजों के दौर की शान हुआ करती थी, आज नैनीताल के बदलते इतिहास की एक खामोश गवाह बनकर खड़ी है...Sirajuddin ने इसे जलने के बाद दोबारा चार पांच महीने में तैयार करवाया था.

Follow Nainital Mania Page for Nainital History

आजादी मिलने के दिन हमने Kayamoodin Watch Maker वाली building को हमेशा के लिए खो दिया ✅ नैनीताल के Mallital बाजार में स्थित यह 3rd Floor वाली building कभी अंग्रेजों के दौर की सबसे खास और भव्य buildings में गिनी जाती थी। उस समय के हिसाब से यह नैनीताल की बड़ी buildings में से एक थी..इस building के Top Floor और 2nd Floor पर अंग्रेज रहा करते थे, जबकि Basement में Kayamoodin साहब की मशहूर watch maker की shop हुआ करती थी। लेकिन आजादी का जश्न शुरू होने से पहले ही इस Heritage Building के साथ एक ऐसा हादसा हुआ, जिसने नैनीताल के इतिहास में एक गहरी छाप छोड़ दी। 1946 को इसी Heritage Building में अचानक आग लग गई। देखते ही देखते आग ने building को अपनी चपेट में ले लिया और नैनीताल ने अपनी एक ऐतिहासिक पहचान हमेशा के लिए खो दी। हालांकि, इस building की याद आज भी नैनीताल में मौजूद है। आप इसे गोल घर के पास आज भी देख सकते हैं, लेकिन अब यह अपने पुराने रूप में नहीं, बल्कि एक नए रूप में नजर आती है। एक ऐसी Heritage Building, जो कभी अंग्रेजों के दौर की शान हुआ करती थी, आज नैनीताल के बदलते इतिहास की एक खामोश गवाह बनकर खड़ी है...Sirajuddin ने इसे जलने के बाद दोबारा चार पांच महीने में तैयार करवाया था. Follow Nainital Mania Page for Nainital History

Nainital, Nainital | Aug 16, 2026