स्वाधीनता दिवस समारोह में मीडिया का अपमान! बैठने की जगह तक नहीं, वाहनों को भी गेट पर रोका
क्या अधिकारियों तक सिमट गया जिला स्तरीय स्वाधीनता दिवस? मीडिया की अनदेखी पर भड़के पत्रकार महासंघ अध्यक्ष
बिलासपुर। जिला स्तरीय स्वाधीनता दिवस समारोह में मीडिया कर्मियों के लिए उचित बैठने की व्यवस्था न किए जाने को लेकर पत्रकार महासंघ ने प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं। पत्रकार महासंघ के अध्यक्ष राम सिंह ठाकुर व अन्य प्रतिनिधियों ने आरोप लगाया कि जिला स्तरीय समारोह में मीडिया कर्मियों को आमंत्रित करने के बावजूद उनके बैठने तक की उचित व्यवस्था नहीं की गई।
राम सिंह ठाकुर ने जानकारी देते हुए कहा कि उनके अनुसार इतिहास में पहली बार ऐसा हुआ है कि जिला स्तरीय स्वाधीनता दिवस समारोह में मीडिया कर्मियों को आमंत्रित तो किया गया, लेकिन उनके लिए बैठने की व्यवस्था नहीं की गई। उन्होंने कहा कि मामला केवल बैठने की व्यवस्था तक सीमित नहीं रहा, बल्कि मीडिया कर्मियों के वाहनों को भी बॉयज स्कूल के प्रांगण में खाली पड़े मैदान में खड़ा करने की अनुमति नहीं दी गई।
उन्होंने आरोप लगाया कि मीडिया कर्मियों के वाहनों को मुख्य गेट पर ही रोक दिया गया, जिससे पत्रकारों को परेशानी का सामना करना पड़ा। इस पूरे घटनाक्रम को उन्होंने मीडिया की गरिमा और सम्मान से जुड़ा गंभीर विषय बताया।
राम सिंह ठाकुर ने सवाल उठाते हुए कहा कि क्या जिला स्तरीय स्वाधीनता दिवस समारोह अब केवल प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारियों तक ही सीमित होकर रह गया है। उन्होंने कहा कि मीडिया सरकार के कार्यक्रमों, नीतियों और जनकल्याणकारी योजनाओं को आम जनता तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। ऐसे में सरकारी समारोह में मीडिया कर्मियों के साथ इस तरह की कथित अनदेखी दुर्भाग्यपूर्ण है।
पत्रकार महासंघ अध्यक्ष ने प्रदेश सरकार से मांग की है कि हिमाचल प्रदेश में सभी संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश जारी किए जाएं कि सरकारी एवं जिला स्तरीय समारोहों में मीडिया कर्मियों को किसी भी प्रकार से अपमानित या परेशान न किया जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि भविष्य में भी मीडिया के साथ इसी तरह का व्यवहार जारी रहा तो मीडिया और प्रदेश सरकार के बीच खाई पैदा हो सकती है, जो लोकतांत्रिक व्यवस्था और भविष्य के लिए उचित नहीं होगी।