
शोध एवं उच्च शिक्षा को नई दिशा देगा केयूके और एसजेएचआईएफएम का एमओयूः प्रो. सोमनाथ सचदेवा
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की उपस्थिति में हुआ एमओयू
कुरुक्षेत्र, 30 सितंबर । कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय ने शोध एवं उच्च शिक्षा के क्षेत्र में सहयोग को विस्तार देते हुए स्वर्ण जयंती हरियाणाा इंस्टिट्यूट फॉर फिस्कल मैनेजमेंट (एसजेएचआईएफएम), पंचकूला के साथ समझौता ज्ञापन (एमओयू) किया। चंडीगढ़ स्थित होटल माउंटव्यू में आयोजित कार्यक्रम में हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की गरिमामयी उपस्थिति में कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रो. सोमनाथ सचदेवा ने एमओयू पर हस्ताक्षर किए।
इस एमओयू का प्रमुख उद्देश्य डॉक्टोरल रिसर्च सेंटर की स्थापना करना है। इसके माध्यम से शोधार्थियों को उच्च स्तरीय शोध सुविधाएं, विशेषज्ञ मार्गदर्शन तथा गुणवत्तापूर्ण अनुसंधान के लिए बेहतर अकादमिक वातावरण उपलब्ध कराने की दिशा में कार्य किया जाएगा। यह पहल शोध एवं नवाचार के क्षेत्र में संस्थागत सहयोग को मजबूत करने के साथ-साथ उच्च शिक्षा में नए अवसरों के सृजन में सहायक होगी।
एमओयू पर हस्ताक्षर के अवसर पर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रो. सोम नाथ सचदेवा को बधाई दी और शोध एवं उच्च शिक्षा के क्षेत्र में इस पहल को महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने विश्वविद्यालय द्वारा अकादमिक एवं अनुसंधान गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए किए जा रहे प्रयासों की सराहना की।
कुलगुरु प्रो. सोमनाथ सचदेवा ने कहा कि कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय गुणवत्तापूर्ण शोध, नवाचार और अकादमिक उत्कृष्टता को निरंतर बढ़ावा दे रहा है। एसजेएचआईएफएम के साथ यह समझौता विश्वविद्यालय की शोध गतिविधियों को नई दिशा प्रदान करेगा। उन्होंने कहा कि डॉक्टोरल रिसर्च सेंटर की स्थापना से शोधार्थियों को बेहतर शोध वातावरण और विशेषज्ञ मार्गदर्शन मिलेगा तथा दोनों संस्थानों के बीच ज्ञान एवं शोध के आदान-प्रदान को बढ़ावा मिलेगा। विश्वविद्यालय का प्रयास है कि शोध को समाज और प्रदेश की विकास आवश्यकताओं से जोड़ा जाए। इस अवसर पर ओएसडी राज नेहरू सहित गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। #kurukshetrauniversity #haryana #nayabsaini #kurukshet