
मानसून की जोरदार बारिश ने करीब 1100 करोड़ रुपये की लागत से तैयार हुई मुकंदरा चेचट टनल के निर्माण और ड्रेनेज सिस्टम की पोल खोल दी है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, तेज बारिश के बाद टनल के अंदर 2 से 3 फीट तक पानी जमा हो गया और दीवारों से लगातार पानी का रिसाव देखा गया, जिससे यातायात को गोपालपुरा की तरफ डायवर्ट करना पड़ा। उल्लेखनीय है कि हाल ही में केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी, राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने इस टनल का स्थलीय निरीक्षण किया था।
रिपोर्ट्स के अनुसार, टनल का निर्माण अत्याधुनिक 'न्यू ऑस्ट्रियन टनलिंग मेथड' (NATM) तकनीक, रॉक बोल्टिंग और वाटरप्रूफ मेम्ब्रेन से किया गया है। इसके बावजूद पानी की भारी आवक के आगे मौजूदा पंपिंग सिस्टम नाकाफी साबित हुआ।
मामले पर सफाई देते हुए एनएचएआई के प्रोजेक्ट डायरेक्टर ने बताया कि पहाड़ियों से अप्रत्याशित सीपेज के कारण यह स्थिति बनी। भविष्य में जलभराव रोकने के लिए अब टनल में लगे 30 पंपों की क्षमता को बढ़ाकर 35 हॉर्स पावर तक करने का निर्णय लिया गया है।
मानसून की जोरदार बारिश ने करीब 1100 करोड़ रुपये की लागत से तैयार हुई मुकंदरा चेचट टनल के निर्माण और ड्रेनेज सिस्टम की पोल खोल दी है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, तेज बारिश के बाद टनल के अंदर 2 से 3 फीट तक पानी जमा हो गया और दीवारों से लगातार पानी का रिसाव देखा गया, जिससे यातायात को गोपालपुरा की तरफ डायवर्ट करना पड़ा। उल्लेखनीय है कि हाल ही में केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी, राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने इस टनल का स्थलीय निरीक्षण किया था।