
हर कदम पर मुश्किल, शरीर से दिव्यांगता और फिर भी मन में अटूट आस्था। दिव्यांग अनिल भोला की कांवड़ यात्रा का वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा में है। बताया जा रहा है कि अनिल ने हरिद्वार से गंगाजल लेकर करीब 8 दिनों तक कठिन यात्रा की और मेरठ के औघड़नाथ मंदिर पहुंचकर जलाभिषेक किया।
अनिल भोला ने 3 अगस्त को हरिद्वार से गंगाजल लेकर अपनी कांवड़ यात्रा शुरू की थी। यात्रा आसान नहीं थी। वायरल वीडियो में वह जमीन पर अपने हाथों के सहारे आगे बढ़ते दिखाई दे रहे हैं। इसके बावजूद उन्होंने अपनी यात्रा जारी रखी और कांवड़ लेकर मेरठ के औघड़नाथ मंदिर तक पहुंचे।
अनिल की यात्रा से जुड़ा वीडियो पत्रकार राजू शर्मा ने अपने एक्स अकाउंट पर साझा किया। उनके मुताबिक, अनिल भोला ने पूरी यात्रा हाथों के सहारे चलकर पूरी की। वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर लोग उनके हौसले और भक्ति की सराहना कर रहे हैं।
सावन के महीने में कांवड़ यात्रा का विशेष महत्व माना जाता है। श्रद्धालु पवित्र नदियों से गंगाजल लेकर अपने-अपने गंतव्य के शिव मंदिरों में जलाभिषेक करते हैं। कई श्रद्धालु यह यात्रा नंगे पैर पूरी करते हैं और रास्ते की कठिनाइयों के बावजूद अपनी यात्रा जारी रखते हैं।
अनिल भोला की कहानी भी इसी आस्था और संकल्प से जुड़ी है। यात्रा के दौरान उन्हें थकान और मुश्किलों का सामना करना पड़ा, लेकिन उन्होंने अपना संकल्प नहीं छोड़ा। आखिरकार वह गंगाजल लेकर मेरठ पहुंचे और औघड़नाथ मंदिर में जल अर्पित किया।
अनिल की यात्रा का वीडियो सोशल मीडिया पर लोगों का ध्यान खींच रहा है। पोस्ट पर प्रतिक्रिया देने वाले लोग उनके जज्बे को सलाम कर रहे हैं और कमेंट में हर हर महादेव लिख रहे हैं।
अनिल भोला की यह यात्रा इस बात की मिसाल बनकर सामने आई है कि मजबूत संकल्प और आस्था इंसान को कठिन परिस्थितियों में भी आगे बढ़ने का हौसला दे सकती है।
Gormi, Bhind | Aug 12, 2026