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मन चंगा तो कठौती में गंगा | SA News Chhattisgarh 14-08-2026: एक बार की बात है, संत शिरोमणि रविदास जी जूते बनाने का अपना नित्य कर्म कर रहे थे। तभी उनका एक मित्र वहां आए और बोले कि पूरा नगर गंगा स्नान को जा रहा है, तुम भी हमारे साथ चलो। इस पर रविदास जी ने मुस्कुराकर उत्तर दिया कि मेरी गंगा तो मेरी सच्ची भक्ति, सुमिरण और मेरे कर्म में ही समाहित है "मन चंगा तो कठौती में गंगा।" मित्रों के अधिक आग्रह करने पर उन्होंने एक सिक्का दिया और कहा कि यदि गंगा मैया स्वयं अपने हाथों से लें, तभी यह उन्हें अर्पित करना। मित्र ने घाट पर जाकर जब संत रविदास जी का नाम लेकर सिक्का देना चाहा, तो एक अद्भुत चमत्कार हुआ। जल से स्वयं मां गंगा का हाथ बाहर आया और उन्होंने सिक्का स्वीकार कर बदले में एक अनमोल स्वर्ण कंगन भेंट किया। दुर्भाग्यवश, उस मित्र ने लालच में आकर वह स्वर्णिम कंगन राजा को सौंप दिया। राजा ने वह कंगन अपनी रानी को भेंट किया। कंगन की अद्वितीय सुंदरता देख रानी ने ठीक वैसे ही दूसरे कंगन की हठ कर दी। राजा ने तुरंत उस मित्र को बुलाकर दूसरा कंगन लाने का कड़ा आदेश दिया। भयभीत मित्र ने राजा को सच्चाई बता दी, किंतु राजा ने उसकी एक न सुनी और उसके पूरे परिवार को बंदी बना लिया। खौफजदा और लाचार मित्र भागकर संत रविदास जी की शरण में पहुंचा और अपनी भूल स्वीकार करते हुए क्षमा मांगी। तब रविदास जी ने चमड़ा भिगोने वाली अपनी सामान्य कठौती (बर्तन) की ओर इशारा करते हुए कहा कि इसमें ऐसे कई कंगन पड़े हैं, हाथ डाल और निकाल ले। मित्र ने कांपते हाथों से कठौती के मैले जल में हाथ डाला और हूबहू वैसा ही एक और सोने का कंगन निकालकर राजा के दरबार में पेश कर दिया। जब राजा ने वह दूसरा कंगन रानी को दिया, तो रानी चकित रह गई। राजा ने संत रविदास जी और कठौती की पूरी महिमा बताई। रानी तुरंत समझ गई कि ये कोई साधारण इंसान नहीं, बल्कि कोई पहुंचे हुए पूर्ण महापुरुष हैं। रानी ने बिना देर किए संत रविदास जी की शरण ली, उनसे नाम उपदेश प्राप्त किया और सच्ची भक्ति में लीन हो गई। इस अमर कथा का रहस्य यह है कि यदि इंसान का मन निर्मल हो और वह सतभक्ति में लीन हो, तो तीर्थ स्वयं उसके द्वार आते हैं। वर्तमान समय में ठीक ऐसी ही यथार्थ और सच्ची भक्ति संत रामपाल जी महाराज जी प्रदान कर रहे हैं, जिनसे नाम दीक्षा लेकर मनुष्य अपना पूर्ण आध्यात्मिक कल्याण करवा सकता है। #SantRavidasJi #TrueDevotion #SpiritualKnowledge #SANewsChhattisgarh #SantRampalJiMaharaj #KabirGod #InspirationalStory

Chhattisgarh, India | Aug 14, 2026

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