एक इंसान की किडनी में एक-दो या पाँच-दस स्टोन होना तो सुना होगा… लेकिन अगर कोई डॉक्टर ऑपरेशन के दौरान एक साथ 418 किडनी स्टोन निकाल दे, तो यकीन करना भी मुश्किल हो जाता है। लेकिन हैदराबाद के AINU अस्पताल में ऐसा सचमुच हुआ।
करीब 60 साल के एक व्यक्ति को लंबे समय से किडनी स्टोन की समस्या थी। शुरुआत में दर्द ज़्यादा नहीं था, इसलिए बीमारी बढ़ती रही। लेकिन जब तेज़ पेट दर्द और लगातार उल्टियाँ शुरू हुईं, तो उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया।
जाँच में डॉक्टर भी हैरान रह गए। मरीज की बाईं किडनी में सैकड़ों छोटे-बड़े स्टोन जमा हो चुके थे और किडनी सिर्फ़ 27 प्रतिशत क्षमता से काम कर रही थी। सबसे बड़ा स्टोन लगभग 2 सेंटीमीटर का था।
आख़िर इतने सारे स्टोन बने कैसे? डॉक्टरों के मुताबिक, एक बड़ी पथरी ने मूत्र के सामान्य रास्ते को रोक दिया था। जब पेशाब पूरी तरह बाहर नहीं निकल पाता, तो उसमें मौजूद कैल्शियम, ऑक्सालेट और दूसरे खनिज धीरे-धीरे जमा होने लगते हैं। समय के साथ यही छोटे-छोटे कण मिलकर नई पथरियाँ बनाते रहते हैं। यही प्रक्रिया सालों तक चलती रही और किडनी में 418 स्टोन जमा हो गए।
इसके बाद डॉक्टरों ने PCNL नाम की आधुनिक मिनिमली इनवेसिव सर्जरी की। पीठ पर एक छोटा-सा चीरा लगाकर कैमरा और विशेष उपकरण किडनी तक पहुँचाए गए। करीब दो घंटे तक चली इस जटिल सर्जरी में डॉक्टरों ने एक-एक करके सभी 418 स्टोन सफलतापूर्वक निकाल दिए और किडनी को बचाने में भी कामयाब रहे।
यह मामला इसलिए खास माना गया क्योंकि इतनी खराब हालत में भी बिना बड़ी ओपन सर्जरी किए, आधुनिक तकनीक की मदद से मरीज का सफल इलाज किया गया। यह याद दिलाता है कि अगर किडनी स्टोन के शुरुआती लक्षणों को नज़रअंदाज़ किया जाए, तो छोटी-सी समस्या भी समय के साथ बेहद गंभीर रूप ले सकती है।
#Science #Medical #KidneyStone #Health #AmazingFacts