बारिश का कहर: मलबे में दबकर दो साल के मासूम की मौ'त, दो अब भी लापता
मेहर गांव में मकान पर मलबा गिरने से हादसा, लगातार बारिश के बीच SDRF-पुलिस का रेस्क्यू अभियान जारी; बैर गांव में किचन की छत गिरने से महिला घायल
पौड़ी। पहाड़ में लगातार हो रही बारिश मंगलवार को सतपुली तहसील क्षेत्र के मेहर गांव में एक परिवार पर कहर बनकर टूटी। सुबह अचानक मकान के ऊपर भारी मलबा आ गिरा, जिससे पूरा मकान मलबे की चपेट में आ गया। हादसे के वक्त घर में मौजूद तीन लोग मलबे में दब गए। राहत एवं बचाव अभियान के दौरान दो वर्षीय मासूम रुद्राक्ष पुत्र नवीन सिंह का शव बरामद कर लिया गया, जबकि 46 वर्षीय धीरेंद्र सिंह पुत्र प्रताप सिंह और 70 वर्षीय मथुरा देवी पत्नी प्रताप सिंह अभी लापता हैं।
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस और एसडीआरएफ की टीमें मौके पर पहुंचीं और तत्काल रेस्क्यू अभियान शुरू किया। लगातार बारिश, दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र और खिसकते मलबे के कारण बचाव कार्य में कई चुनौतियां सामने आईं। इसके बावजूद एसडीआरएफ और पुलिस के जवान लगातार मलबा हटाकर दोनों लापता लोगों की तलाश में जुटे हुए हैं।
मासूम रुद्राक्ष का शव मिलने की सूचना से पूरे गांव में मातम पसर गया। हादसे के बाद ग्रामीण भी मौके पर पहुंचे और राहत एवं बचाव कार्य में सहयोग करते रहे। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
बैर गांव में किचन की छत गिरी, महिला घायल
लगातार बारिश का असर सतपुली तहसील के बैर गांव में भी देखने को मिला। मंगलवार सुबह करीब 60 वर्षीय सुशीला देवी पत्नी कोमल सिंह किचन में खाना बना रही थीं। इसी दौरान अचानक किचन की छत भरभराकर गिर गई और वह मलबे की चपेट में आ गईं।
हादसे की आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और महिला को मलबे से बाहर निकाला। इसके बाद उन्हें उपचार के लिए हंस फाउंडेशन अस्पताल, सतपुली ले जाया गया। चिकित्सकों के अनुसार उपचार के बाद उनकी हालत खतरे से बाहर बताई गई है।
एक ही दिन में हुई इन घटनाओं ने लगातार बारिश के बीच पहाड़ी क्षेत्रों में बढ़ते भूस्खलन और भवनों पर मंडरा रहे खतरे की गंभीर तस्वीर सामने ला दी है। प्रभावित क्षेत्रों में लोगों के बीच दहशत का माहौल है। पुलिस, एसडीआरएफ और स्थानीय राहत टीमें लगातार स्थिति पर नजर रखते हुए बचाव एवं राहत कार्य में जुटी हैं।