
कालतीर लिफ्ट परियोजना से धौलपुर जिले में पेयजल सुरक्षा को मिलेगा मजबूत आधार
चम्बल नदी के अधिशेष जल का उपयोग कर पार्वती एवं रामसागर बांधों को पूर्ण क्षमता तक भरने की योजना
धौलपुर, 22 सितम्बर। वर्षाकाल में चम्बल नदी के अधिशेष पानी का बेहतर उपयोग करते हुए धौलपुर जिले के विभिन्न क्षेत्रों में पेयजल उपलब्धता को मजबूत करने के उद्देश्य से कालतीर लिफ्ट परियोजना का कार्य प्रगति पर है। ग्राम कालतीर, तहसील सरमथुरा में प्रस्तावित इस परियोजना के माध्यम से चम्बल नदी के अधिशेष पानी को लगभग 180 मीटर की ऊंचाई तक लिफ्ट कर धौलपुर जिले के पार्वती एवं रामसागर बांधों को पूर्ण क्षमता तक भरने का प्रावधान है।
परियोजना का उद्देश्य क्षेत्र में जल उपलब्धता बढ़ाने के साथ-साथ ग्रामीण एवं शहरी आबादी के लिए पेयजल सुरक्षा को मजबूत आधार प्रदान करना है। परियोजना के तहत लगभग 10 किलोमीटर लंबी पाइपलाइन, दो पम्प हाउस, एप्रोच चौनल तथा 132 केवी जीएसएस के निर्माण का प्रावधान किया गया है।
800.04 करोड़ रुपये की प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति
कालतीर लिफ्ट परियोजना के लिए 800.04 करोड़ रुपये की प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृत जारी हो चुकी है। निविदा प्रक्रिया के बाद 642.89 करोड़ रुपये का कार्यादेश जारी किया गया। परियोजना का कार्य 25 मई 2023 को प्रारंभ हुआ तथा वर्तमान में कार्य प्रगतिरत है।
परियोजना के कार्यों में तेजी से हो रही प्रगति
परियोजना के अंतर्गत सर्वेक्षण कार्य पूर्ण किया जा चुका है। विभिन्न डिजाइन एवं तकनीकी दस्तावेजों के अनुमोदन की प्रक्रिया जारी है। वर्तमान में लगभग 9,123 मीटर डक्टाइल आयरन पाइप की आपूर्ति की जा चुकी है। वहीं लगभग 600 मीटर पाइपलाइन की खुदाई तथा 530 मीटर पाइपलाइन बिछाने का कार्य पूर्ण हो चुका है। पाइपलाइन एवं पीएस-2 फाउंडेशन सहित अन्य निर्माण कार्य प्रगतिरत हैं। परियोजना के आवासीय एवं गैर-आवासीय भवनों तथा अन्य आवश्यक निर्माण कार्य भी वर्तमान में प्रगति पर हैं।
483 गांवों सहित लाखों लोगों को मिलेगा लाभ
कालतीर लिफ्ट परियोजना चम्बल नदी के अधिशेष जल को क्षेत्र की जल आवश्यकता से जोड़ने की महत्वपूर्ण पहल है। परियोजना के माध्यम से धौलपुर जिले के सरमथुरा, बाड़ी, बसेड़ी, सैंपऊ एवं धौलपुर क्षेत्र में जल उपलब्धता को मजबूत आधार मिलने की उम्मीद है।
जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के माध्यम से जिले के 483 गांवों तथा बाड़ी, बसेड़ी और सरमथुरा के शहरी क्षेत्रों की लगभग 6.25 लाख आबादी को उनकी मांग के अनुसार पेयजल उपलब्ध कराने का प्रावधान किया गया है। परियोजना के पूर्ण होने के बाद वर्षाकाल में चम्बल नदी के अधिशेष पानी का उपयोग जल भंडारण एवं पेयजल आपूर्ति के लिए प्रभावी रूप से किया जा सकेगा। इससे क्षेत्र में जल उपलब्धता बढ़ने के साथ ग्रामीण एवं शहरी आबादी को शुद्ध पेयजल की आपूर्ति को और मजबूत आधार मिलेगा।
चम्बल के अधिशेष जल के बेहतर उपयोग की दिशा में महत्वपूर्ण कदम
कालतीर लिफ्ट परियोजना वर्षाकाल में उपलब्ध चम्बल नदी के अधिशेष जल के वैज्ञानिक एवं उपयोगी प्रबंधन की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। परियोजना के माध्यम से जल संसाधनों का बेहतर उपयोग करते हुए धौलपुर जिले के व्यापक क्षेत्र में दीर्घकालीन पेयजल सुरक्षा को सुदृढ़ करने का लक्ष्य है।